वजन घटाना भूल जाएं और पहले माँसपेशियां मजबूत बनाएं-कुछ याद ही रखना है तो सबसे पहले वजन कम करने की नहीं सोचकर माँसपेशियों को कैसे मजबूत किया जाए, सोचना होगा। खाना बिल्कुल कम कर देने से मांसपेशियां और हड्डियों के उत्तक कम होने लगते है जिससे एकदम वजन तो जरूर कम हो जाता है किंतु यह सेहत के लिए खतरनाक भी हो सकता है।
थोड़ी ही सही लेकिन एक्सरसाईज जरूर करनी चाहिए।

व्यायाम करने से मांसपेशियां मजबूत बनती है।
रक्त शुगर व मधमुह भी नियंत्रित होता है।
तेज गति से भ्रमण और व्यायाम दोनों में अंतर होता है। अधिक कमजोर शरीर के साथ तेज गति से भ्रमण भी नुकसानदेह हो सकता है। जबरदस्ती भूखा रहकर वजन कम करने पर अनेक रोगों से ग्रस्त भी हो सकते हैं।

मांसपेशियां मजबूत होने पर रीढ़, घुटने व पैर की एड़ियों पर बोझ कम हो जाता है और शरीर में हल्कापन का अनुभव होने लगता है।
व्यायाम व योग आसन शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य के लिए बहुत ही उपयोगी होते हैं क्योंकि इनके अभ्यास से हड्डियों, जोड़ों और स्नायुओं को भी ताकत मिलती है और अधिक कैलोरी बर्न होने से वजन भी स्वतः ही नियंत्रित रहता है और मांसपेशियों में लचीलापन, ताकत और मजबूती बनी रहती है।

घर बाहर के छोटे-मोट कार्य करके शारीरिक क्रियाएं करना या हल्का-फुल्का पैदल चलना आदि कार्य करना तथा तेज गति से भ्रमण, दौड़ना व व्यायाम आदि करना दोनेां भिन्न-भिन्न होते हैं और इनके प्रभाव भी अलग-अलग दिखाई देते हैं।
एक ही तरह का व्यायाम यदि बोर कर देता है तब जल्दी ही लोग छोड़ भी देते है इन सबसे बचने के लिए व्यायाम आदि को रचनात्मक तरीकों में बदलते रहना चाहिए जिससे कि नियमित अभ्यास किया जा सकें। स्वीमिंग, म्यूजिक के साथ डांस, ऐरेबिक्स, साईक्लिंग, हल्की दौड़ तथा सूक्ष्म यौगिक क्रियाएं आदि भी बदल-बदल कर की जा सकती है।

वजन घटाना भूल जाएं, इन सबके साथ पौष्टिक तथा संतुलित आहार भी लेना नहीं भूलना चाहिए क्योंकि यह भी बहुत जरूरी है।

Leave a Reply